ऐ जिंदगी यू हमे बदनाम न कर अभी तो जीना सीखा है, परेशान न कर। संघर्षो के बीच हमे चलने तो दे पाव को जंजीरो से यू बेजार न कर।। आयुष राज "विजय"
" हक में हमारे, अपने पल कर दो - तुम संग ही बीते,ऐसे सारे कल कर दो ....✍🏻आयुष राज "विजय" (मुहब्बत का कवि हूँ, समाज को आइना भी दिखाता हूँ )