ऐ हवा कभी तो मेरे भी पास आ खुशबू ये कुछ खास तू महका भी जा , मेरा दिल फिरे अावारा सा हर जगह मिले कोई आशियाना इसे तो जरा । ऐ हवा कभी तो मेरे भी पास आ खुशबू ये कुछ खास तू महका भी जा ।। दिल पे तो अब मेरे, मेरा कोई बस नही धड़कता है तो ये बस उनके लिये ढूढे उन्हे है ये बस अब दर-ब-दर कोई इसे समझाये तो जरा । ऐ हवा कभी तो मेरे भी पास आ खुशबू ये कुछ खास तू महका भी जा ।। नादान है ये इसे तो कुछ खबर नही होना तो परेशान है मुझे हर पल हर घड़ी उस वक्त का तो इसे कुछ इल्म नही ऐ दिल संभल तो जा तू जरा । ऐ हवा कभी तो मेरे भी पास आ खुशबू ये कुछ खास तू महका भी जा ।। Aayush raj " Vijay "
" हक में हमारे, अपने पल कर दो - तुम संग ही बीते,ऐसे सारे कल कर दो ....✍🏻आयुष राज "विजय" (मुहब्बत का कवि हूँ, समाज को आइना भी दिखाता हूँ )